उत्तराखंड में MBBS का मौका! श्रीनगर मेडिकल कॉलेज में 150 सीटों पर होगा प्रवेश..
उत्तराखंड: नीट-यूजी परीक्षा परिणाम जारी होने के बाद उत्तराखंड में एमबीबीएस में दाखिले की प्रक्रिया को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। श्रीनगर स्थित वीर चंद्र सिंह गढ़वाली राजकीय मेडिकल कॉलेज ने नए शैक्षणिक सत्र के लिए प्रवेश व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है। कॉलेज प्रशासन का उद्देश्य है कि प्रवेश प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी, व्यवस्थित और छात्र-अनुकूल हो, ताकि विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। कॉलेज में इस वर्ष एमबीबीएस की कुल 150 सीटों पर प्रवेश दिया जाएगा। इनमें 85 प्रतिशत सीटें राज्य कोटा और 15 प्रतिशत सीटें अखिल भारतीय कोटा के माध्यम से भरी जाएंगी। काउंसिलिंग कार्यक्रम की औपचारिक घोषणा से पहले ही कॉलेज प्रशासन ने आवश्यक तैयारियां पूरी करने की दिशा में काम शुरू कर दिया है।
मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. आशुतोष सयाना ने शैक्षणिक अनुभाग का निरीक्षण कर प्रवेश से संबंधित व्यवस्थाओं की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रवेश के दौरान सभी काउंटर सुव्यवस्थित ढंग से संचालित किए जाएं और छात्रों को दस्तावेज सत्यापन, पंजीकरण तथा अन्य औपचारिकताओं के लिए अलग-अलग सहायता केंद्र उपलब्ध कराए जाएं। प्राचार्य ने कहा कि प्रवेश के लिए आने वाले विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों की सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसके लिए प्रतीक्षा कक्षों में पर्याप्त बैठने की व्यवस्था, स्वच्छ पेयजल, गर्मी से राहत के लिए पंखों की पर्याप्त उपलब्धता और साफ-सुथरे शौचालय सुनिश्चित किए जाएं। उन्होंने बंद पड़े शौचालयों को तत्काल चालू करने, परिसर की नियमित सफाई और विद्युत व्यवस्था को सुचारु रखने के भी निर्देश दिए।
प्रवेश प्रक्रिया के दौरान छात्रों के मेडिकल परीक्षण, आवश्यक स्वास्थ्य प्रमाण-पत्र जारी करने और अन्य औपचारिकताओं को भी सुव्यवस्थित तरीके से पूरा कराने की तैयारी की जा रही है। कॉलेज प्रशासन चाहता है कि विद्यार्थियों को ओपीडी या अन्य विभागों में अनावश्यक इंतजार न करना पड़े और सभी प्रक्रियाएं समयबद्ध तरीके से पूरी हों। इसके साथ ही छात्रावासों में मूलभूत सुविधाओं को बेहतर बनाने के निर्देश भी दिए गए हैं। हॉस्टल में साफ-सफाई, पेयजल, बिजली और अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं को दुरुस्त किया जा रहा है। वहीं कॉलेज परिसर स्थित कैंटीन में गुणवत्तापूर्ण भोजन, स्वच्छता और वाटर कूलर जैसी सुविधाएं सुनिश्चित करने पर भी विशेष जोर दिया गया है।
कॉलेज प्रशासन का कहना है कि हेमवती नंदन बहुगुणा उत्तराखंड चिकित्सा शिक्षा विश्वविद्यालय की ओर से काउंसिलिंग कार्यक्रम घोषित होने के बाद प्रवेश प्रक्रिया निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार शुरू होगी। सभी विभागों को पहले से तैयार रहने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि दाखिले की पूरी प्रक्रिया बिना किसी बाधा के संपन्न हो सके। एमबीबीएस में प्रवेश की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों के लिए यह राहत की बात है कि कॉलेज प्रशासन ने समय रहते सभी व्यवस्थाओं को मजबूत करना शुरू कर दिया है। इससे नए सत्र में प्रवेश लेने वाले छात्रों को एक बेहतर और व्यवस्थित शैक्षणिक वातावरण मिलने की उम्मीद है।