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उत्तराखंड

केदारनाथ धाम का सफर होगा आसान! रोपवे निर्माण को लेकर शासन ने तेज की कवायद..

केदारनाथ धाम का सफर होगा आसान! रोपवे निर्माण को लेकर शासन ने तेज की कवायद..

 

 

 

 

उत्तराखंड: केदारनाथ धाम की यात्रा को सुगम और सुविधाजनक बनाने के लिए प्रस्तावित रोपवे परियोजना को गति देने की तैयारी तेज हो गई है। निर्माण कार्यों में देरी रोकने के लिए शासन ने अब प्रत्येक टावर के निर्माण की समयसीमा निर्धारित करने का निर्णय लिया है। इसके तहत काम शुरू होने से लेकर पूरा होने तक का विस्तृत कैलेंडर तैयार किया जाएगा। वहीं, जिन स्थानों पर वन भूमि से संबंधित अनुमति की आवश्यकता नहीं है, वहां निर्माण कार्य जल्द शुरू करने पर जोर दिया गया है। केदारनाथ रोपवे परियोजना की प्रगति को लेकर शुक्रवार को सचिवालय में उत्तराखंड रोपवे डेवलपमेंट लिमिटेड के निदेशक मंडल की बैठक आयोजित की गई। मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में परियोजना से जुड़े विभिन्न कार्यों की समीक्षा की गई। अधिकारियों को लंबित प्रक्रियाओं में तेजी लाने और निर्माण कार्यों की नियमित निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।

वन मंजूरी के लिए तेज होगी प्रक्रिया
परियोजना के निर्माण में वन स्वीकृति से जुड़ी औपचारिकताएं महत्वपूर्ण चुनौती बनी हुई हैं। इसे देखते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक प्रस्ताव जल्द पोर्टल पर अपलोड करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही प्रतिपूरक वनीकरण के लिए चयनित भूमि का दोबारा सत्यापन भी समानांतर रूप से कराने को कहा गया है, ताकि स्वीकृति की प्रक्रिया में अनावश्यक विलंब न हो।

टावर निर्माण के लिए बनेगा टाइमलाइन चार्ट
रोपवे के निर्धारित अलाइनमेंट के अनुसार विस्तृत कार्ययोजना तैयार की जाएगी। इसमें निर्माण से जुड़ी प्रत्येक गतिविधि का ब्योरा शामिल रहेगा। सभी टावरों के निर्माण की शुरुआत और उनके पूरा होने की संभावित तारीख तय कर एक कैलेंडर बनाया जाएगा। इससे परियोजना की प्रगति का आकलन करने और निर्धारित समयसीमा के भीतर काम पूरा कराने में मदद मिलेगी। जिन टावरों का निर्माण राजस्व भूमि पर प्रस्तावित है और जहां वन स्वीकृति की जरूरत नहीं है, उनकी नींव का काम शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके अलावा बिजली, पानी और अन्य सेवाओं से जुड़ी यूटिलिटी शिफ्टिंग के कार्यों को भी प्राथमिकता से पूरा करने को कहा गया है।

गौरीकुंड-सोनप्रयाग में विकसित होंगी सुविधाएं
रोपवे परियोजना के साथ ही गौरीकुंड और सोनप्रयाग क्षेत्र में यात्रियों की सुविधा बढ़ाने की योजना पर भी काम किया जाएगा। इसके लिए पार्किंग, जनसुविधाओं और ठहरने की व्यवस्था विकसित करने के उद्देश्य से उपयुक्त भूमि चिह्नित कर आगे की कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। यात्रा सीजन के दौरान निर्माण कार्य जारी रहने से श्रद्धालुओं की आवाजाही प्रभावित न हो, इसके लिए भी पहले से तैयारी करने पर जोर दिया गया है। वैकल्पिक मार्गों और आवश्यक व्यवस्थाओं को समय रहते सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि परियोजना का काम आगे बढ़ने के साथ तीर्थयात्रियों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े। रोपवे परियोजना को लेकर शासन की इस पहल का उद्देश्य निर्माण कार्यों को व्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ाना, लंबित स्वीकृतियों में तेजी लाना और केदारनाथ यात्रा मार्ग पर सुविधाओं का विस्तार करना है। हालांकि, परियोजना की रफ्तार काफी हद तक वन संबंधी मंजूरियों और अन्य जरूरी औपचारिकताओं के समय पर पूरा होने पर निर्भर करेगी।

 

 

 

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