कुंभ और विधानसभा चुनाव के लिए सुरक्षा प्लान तैयार..
सीएम धामी की सुरक्षा पर विशेष नजर..
उत्तराखंड: उत्तराखंड में आगामी कुंभ मेले और विधानसभा चुनाव को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की कवायद शुरू हो गई है। पुलिस और इंटेलीजेंस विभाग ने संवेदनशील क्षेत्रों से लेकर बड़े आयोजनों तक सुरक्षा इंतजामों की समीक्षा शुरू कर दी है। सीएम पुष्कर सिंह धामी समेत अन्य वीआईपी की सुरक्षा को भी चुनाव के दौरान और मजबूत किया जाएगा। पुलिस महानिदेशक दीपम सेठ की अध्यक्षता में इंटेलीजेंस अधिकारियों की बैठक हुई, जिसमें राज्य की मौजूदा सुरक्षा व्यवस्था और आगामी चुनौतियों पर चर्चा की गई। बैठक में चारधाम यात्रा, कुंभ मेले, धार्मिक आयोजनों और विधानसभा चुनाव के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अधिकारियों को जरूरी दिशा-निर्देश दिए गए।
सीमावर्ती जिलों में बढ़ेगी निगरानी
अंतरराष्ट्रीय सीमा से लगे जिलों में संदिग्ध गतिविधियों और सीमा पार से घुसपैठ की आशंका को लेकर विशेष सतर्कता बरतने पर जोर दिया गया। राष्ट्र विरोधी गतिविधियों पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए सुरक्षा एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय बनाने के निर्देश दिए गए हैं। इसके लिए आईटीबीपी, एसएसबी, सेना, आईबी, राज्य पुलिस और एटीएस के अधिकारियों की इंटर-एजेंसी को-ऑर्डिनेशन बैठक आयोजित करने की बात कही गई। अधिकारियों को सीमावर्ती इलाकों में सूचनाओं के आदान-प्रदान और निगरानी व्यवस्था को मजबूत करने के निर्देश दिए गए।
चारधाम और कुंभ मेले की सुरक्षा पर फोकस
प्रदेश में पर्यटकों और श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए चारधाम यात्रा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को और प्रभावी बनाने पर जोर दिया गया। आगामी कुंभ मेले और अन्य बड़े धार्मिक आयोजनों के लिए पहले से विस्तृत सुरक्षा योजना तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि आयोजन शांतिपूर्ण और सुचारु तरीके से संपन्न हो सकें।
चुनाव के दौरान वीआईपी सुरक्षा होगी अहम
विधानसभा चुनाव के दौरान मुख्यमंत्री और अन्य वीआईपी नेताओं के दौरे बढ़ने की संभावना को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था की पहले से तैयारी करने को कहा गया है। चुनावी सभाओं और अन्य कार्यक्रमों में बड़े नेताओं और मंत्रियों के शामिल होने के मद्देनजर कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पर्याप्त सुरक्षा बल और जरूरी संसाधन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। महत्वपूर्ण आयोजनों के लिए अतिरिक्त पुलिस बल, तकनीकी उपकरण और अन्य संसाधनों की जरूरत का आकलन कर समय रहते व्यवस्था पूरी करने को कहा गया है।
राज्य स्थापना दिवस, नवरात्र, दशहरा और दीपावली जैसे आगामी पर्वों को देखते हुए संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों से स्थानीय स्तर पर सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करने और संभावित चुनौतियों से निपटने के लिए आवश्यक कदम उठाने को कहा गया। बैठक में सोशल मीडिया पर प्रसारित होने वाली भ्रामक और गलत सूचनाओं को लेकर भी चर्चा हुई। खासतौर पर कुंभ मेले और विधानसभा चुनाव जैसे संवेदनशील आयोजनों के दौरान सोशल मीडिया पर फैलने वाली अफवाहों पर लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए गए। इंटेलीजेंस को सोशल मीडिया पोस्ट और खबरों की निगरानी के साथ ही संदिग्ध या भ्रामक सूचनाओं की वास्तविकता जांचने के लिए फैक्ट चेक व्यवस्था लागू करने को कहा गया है। इसका उद्देश्य गलत सूचनाओं की समय रहते पहचान कर लोगों तक सही जानकारी पहुंचाना और किसी भी संभावित तनावपूर्ण स्थिति को नियंत्रित करना है।